चंदौली | माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्षों के बेमिसाल सार्वजनिक सेवा एवं प्रशासनिक कार्यकाल (मुख्यमंत्री से प्रधानमंत्री तक) के उपलक्ष्य में चंदौली में 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत भव्य दीप प्रज्ज्वलन कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में स्थानीय जन प्रतिनिधियों और भारी संख्या में कार्यकर्ताओं एवं आम नागरिकों ने एक साथ दीप प्रज्ज्वलित कर प्रधानमंत्री के दीर्घायु होने और देश के निरंतर विकास की कामना की।

9 लाख दीपों से रोशन हुआ जनपद, अभियान के तहत मुख्य स्थल को हजारों दीपों की श्रृंखला से जगह जगह सजाया गया, जिससे पूरा परिसर 'सेवा ही संगठन' के नारों से गुंजायमान हो उठा।

कार्यक्रम के दौरान जिले के प्रमुख जनप्रतिनिधियों/अधिकारियों एवं नागरिकों ने श्रमदान कर नागरिकों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया और दीप प्रज्वलित कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। अभियान के तहत अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों एवं प्रमुख स्थानों पर स्वच्छता के उपरांत दीप प्रज्वलन का कार्यक्रम गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ।

माननीय राज्यसभा सांसद श्रीमती दर्शना सिंह जी ने वी०डी०ए० कालोनी पटनवा एवं जी० टी० रोड स्थित काली माता मंदिर (दीनदयालनगर) पर स्वच्छता अभियान की कमान संभाली और आशीर्वाद दीप प्रज्वलित किया। माननीय राज्यसभा सांसद श्रीमती साधना सिंह जी ने काली जी पोखरा (चन्दौली) एवं जगदीशसराय स्थित उत्तरायण अमृत वाटिका में स्वच्छता अभियान में सहभागिता कर दीप जलाया। माननीय विधायक (दीनदयालनगर) श्री रमेश जायसवाल जी ने मैनाताली स्थित विश्वकर्मा मंदिर एवं दीनदयालनगर के मानसरोवर तालाब पर साफ-सफाई कर आशीर्वाद दीया प्रज्वलित किया। माननीय विधायक (सैयदराजा) श्री सुशील सिंह जी की उपस्थिति में भीम बाबा मंदिर (सैयदराजा) एवं नौबतपुर स्थित बाबा कीनाराम मेडिकल कालेज परिसर में स्वच्छता कार्यक्रम सह दीप प्रज्वलन संपन्न हुआ। माननीय विधायक (चकिया) श्री कैलाश खरवार जी ने चकिया स्थित काली जी पोखरा पर स्वच्छता अभियान चलाया और दीप प्रज्वलित कर सेवा का संकल्प दोहराया।

जिलाध्यक्ष श्री काशीनाथ सिंह जी ने हेतिमपुर स्थित जागेश्वरनाथ मंदिर एवं रघुनाथपुर स्थित काली माता मंदिर में कार्यकर्ताओं संग श्रमदान कर आशीर्वाद दीप प्रज्वलित किया।कार्यक्रम के दौरान जनप्रतिनिधियों ने कहा कि स्वच्छता केवल एक अभियान नहीं बल्कि जीवनशैली का अहम हिस्सा है। धार्मिक और सार्वजनिक स्थलों को स्वच्छ रखकर ही हम अपनी संस्कृति और पर्यावरण का संरक्षण कर सकते हैं। इस दौरान भारी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।