• पत्राचार कार्यालय
    अजगरा तारगांव चहनिया टांडा कला चंदौली-221115 उत्तर प्रदेश
  • संपादकीय कार्यालय
    भीटारी, लोहता, 221107 वाराणसी उत्तर प्रदेश
  • 9454193605, 7007988527
  • Trending जौनपुर पत्रकार संघ इकाई मछली शहर के अध्यक्ष और राजस्व व पुलिस की संयुक्त टीम ने ५०साल पुराना जमीनी विवाद सुलझाया
  • - 06 Apr 2026

REPORT-RAVI MISHRA,MACHHLISAHAR,JAUNPUR

अनिल कुमार पांडे अध्यक्ष के अथक प्रयास से वर्षों का विवाद खत्म कर के भाईचारे का संदेश दिया गया।

जौनपुर......

मछली शहर तहसील के अंतर्गत सरायबीका में विगत ५० वर्षों का विवाद जौनपुर पत्रकार संघ इकाई मछलीशहर के अध्यक्ष अनील कुमार पाण्डेय के अथक प्रयासों से दोनों पक्षों की सहमति से नायब तहसीलदार व पवांरा थाना प्रभारी अनील कुमार की उपस्थिति में सकारात्मक और सराहनीय कार्य किया गया जो जौनपुर के पवारा थाना क्षेत्र में 50 साल पुराने जमीनी विवाद का आपसी सहमति से सुलझना न केवल दोनों परिवारों के लिए सुकून भरा है, बल्कि यह प्रशासन और सामाजिक प्रतिनिधियों के बीच बेहतर समन्वय का एक बेहतरीन उदाहरण भी है। जिसमें मुख्य पक्ष: सचिन चौरसिया बनाम शिव चौरसिया, राकेश चौरसिया और अशोक चौरसिया विवाद का कारण आबादी की भूमि को लेकर पिछले 50 वर्षों से चला आ रहा पुराना विवाद, और विवाद की स्थिति: मामला न्यायालय में विचाराधीन(वाद सं० 1036/2025) , तहसीलदार न्यायालय में चल रहे धारा २५ (दीनानाथ बनाम शिव कुमार)और पूर्व में सैकड़ों बार इसकी शिकायतें IGRS के माध्यम से की जा चुकी थीं।
निस्तारण में मुख्य भूमिका

इस मामले को सुलझाने में पुलिस, राजस्व विभाग और पत्रकार संघ के प्रतिनिधियों ने संयुक्त प्रयास किया:

जौनपुर पत्रकार संघ (इकाई मछली शहर): अध्यक्ष अनिल पांडे और उपाध्यक्ष सतीश चन्द्र दुबे के मध्यस्थता में सक्रिय भूमिका निभाई और राजस्व टीम: नायब तहसीलदार विवेक श्रीवास्तव, कानूनगो और लेखपाल (अजय गौतम व अशोक सरोज)।पुलिस प्रशासन: थानाध्यक्ष अनिल कुमार और उनकी टीम।

विधिक सहयोग: पूर्व अधिवक्ता संघ महामंत्री संजीव चौधरी।

समझौते का परिणाम

लिखित सहमति: दोनों पक्षों ने बिना किसी दबाव के आपसी सुलह-समझौते पर हस्ताक्षर किए और शपथ-पत्र भरा।

कानूनी कार्रवाई: दोनों पक्ष अब न्यायालय सेअपने-अपने वाद (Case) वापस लेने पर सहमत हो गए हैं,सामाजिक प्रभाव: ग्रामीणों ने इस पहल का स्वागत किया है, क्योंकि दशकों पुराने इस विवाद के कारण गांव में तनाव की स्थिति बनी रहती थी, और कहा भी गया कि अक्सर जमीनी विवाद पीढ़ियों तक चलते हैं जिससे धन और समय दोनों की हानि होती है। अनिल पांडे (अध्यक्ष, पत्रकार संघ) और प्रशासन की यह पहल दर्शाती है कि यदि सही मंशा और संवाद हो, तो जटिल से जटिल कानूनी विवादों का समाधान आपसी बातचीत से निकाला जा सकता है।

Like This Post? Related Posts
Recent Comments
Leave a Comment